रक्सौल। विश्व शिक्षक दिवस की पूर्व संध्या पर रविवार को साहित्य, कला, समाज एवं संस्कृति को समर्पित ‘संभावना’ मंच के तत्वावधान में आयोजित जिला स्तरीय शिक्षक सम्मान समारोह–2026 में भारत–नेपाल मैत्री, सेवा, संस्कार और सांस्कृतिक आत्मीयता का सुंदर संगम देखने को मिला।
समारोह में विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित लायंस क्लब ऑफ बीरगंज मेट्रो सिटी की अध्यक्षा एवं समाजसेविका, ग्रीन सिटी बीरगंज तथा मानव सेवा संस्थान से संबद्ध लायन पिया सिंह ने विभिन्न विद्यालयों के सांस्कृतिक कार्यक्रमों में भाग लेने वाले लगभग 70 छात्र–छात्राओं को शैक्षिक सामग्री एवं आकर्षक उपहार प्रदान कर उनका उत्साहवर्धन किया।
पिया सिंह की इस पहल ने समारोह में उपस्थित शिक्षकों, अभिभावकों तथा गणमान्य नागरिकों का विशेष ध्यान आकर्षित किया। उन्होंने कहा कि बच्चों की प्रतिभा को प्रोत्साहित करना समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है। सम्मान और प्रोत्साहन से बच्चों में आत्मविश्वास बढ़ता है तथा वे अपनी प्रतिभा को और निखारने के लिए प्रेरित होते हैं।
समारोह का एक प्रमुख आकर्षण लायंस क्लब ऑफ बीरगंज की संयुक्त सचिव एवं समाजसेविका लायन प्रसिद्धि आनंद सिंह की सांस्कृतिक प्रस्तुति रही। कार्यक्रम के शुभारंभ अवसर पर उन्होंने भावपूर्ण सरस्वती वंदना प्रस्तुत कर मां शारदा का आह्वान किया। इसके बाद उन्होंने भावपूर्ण नृत्य की मनमोहक प्रस्तुति देकर उपस्थित दर्शकों की खूब प्रशंसा और तालियां बटोरीं।
इस अवसर पर ‘संभावना’ परिवार की ओर से लायन पिया सिंह एवं लायन प्रसिद्धि आनंद सिंह को पुष्पगुच्छ, अंगवस्त्र एवं प्रशस्ति-पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया।
समारोह को संबोधित करते हुए पिया सिंह ने कहा कि शिक्षक केवल शिक्षा प्रदान करने वाले व्यक्ति नहीं होते, बल्कि वे आने वाली पीढ़ियों का निर्माण करते हैं। उन्होंने कहा, “आज इस मंच पर आकर मैं स्वयं को सम्मानित अनुभव कर रही हूं। शिक्षक समाज के वे दीप हैं, जो स्वयं जलकर आने वाली पीढ़ियों के जीवन में ज्ञान का प्रकाश फैलाते हैं। किसी भी राष्ट्र की वास्तविक शक्ति उसके बच्चों और उनके संस्कारों में निहित होती है तथा इन संस्कारों को आकार देने में शिक्षकों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है।”
भारत और नेपाल के संबंधों का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि दोनों देशों के बीच संबंध केवल सीमा तक सीमित नहीं हैं, बल्कि संस्कृति, परंपरा, भाषा, भावना और आत्मीयता से जुड़े हुए हैं। उन्होंने कहा, “सीमाएं दोनों देशों को अलग कर सकती हैं, लेकिन हमारी सांस्कृतिक आत्मीयता और मानवीय संबंधों को अलग नहीं कर सकतीं।”
उन्होंने कहा कि बच्चों की प्रतिभा को सम्मानित करने का अवसर प्राप्त होना उनके लिए सौभाग्य की बात है। उन्होंने कहा, “ये बच्चे केवल विद्यालयों के विद्यार्थी नहीं हैं, बल्कि भारत–नेपाल के भविष्य के सेतु हैं। इनके भीतर छिपी प्रतिभा को प्रोत्साहित करना और इनके सपनों को पंख देना हम सभी का दायित्व है।”
पिया सिंह ने ‘संभावना’ मंच के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि साहित्य, कला, शिक्षा और संस्कृति को एक साथ जोड़कर समाज में सकारात्मक वातावरण का निर्माण करना अपने आप में महत्वपूर्ण सेवा है। उन्होंने उपस्थित शिक्षकों से विद्यार्थियों को केवल पुस्तकीय ज्ञान तक सीमित न रखते हुए उन्हें संस्कार, संवेदना, अनुशासन और राष्ट्रप्रेम की शिक्षा देने का आह्वान किया।
समारोह में उपस्थित भारत विकास परिषद, रक्सौल शाखा के अध्यक्ष रजनीश प्रियदर्शी तथा सेवा संयोजक एवं प्रचार-प्रसार प्रभारी, लायंस इंटरनेशनल डिस्ट्रिक्ट 322ई, जोन 41 के जोन अध्यक्ष एवं जिला अध्यक्ष बिमल कुमार सर्राफ ने लायन पिया सिंह एवं लायन प्रसिद्धि आनंद सिंह की उपस्थिति तथा उनके प्रयासों की सराहना की।
उन्होंने कहा कि पिया सिंह द्वारा छात्र–छात्राओं को शैक्षिक सामग्री एवं उपहार प्रदान कर उनका उत्साहवर्धन करना तथा प्रसिद्धि आनंद सिंह द्वारा सांस्कृतिक प्रस्तुति देना भारत–नेपाल के अटूट सांस्कृतिक संबंधों, आत्मीयता और पारस्परिक सम्मान का प्रेरणादायी उदाहरण है।
उन्होंने कहा कि सेवा, संस्कार, शिक्षा और संस्कृति का यह संगम समारोह में उपस्थित शिक्षकों, छात्र–छात्राओं तथा नगर के गणमान्य नागरिकों के लिए लंबे समय तक स्मरणीय रहेगा।
उक्त जानकारी भारत विकास परिषद के सेवा संयोजक एवं प्रचार-प्रसार प्रभारी बिमल कुमार सर्राफ ने दी।







